सर्दियों में बोई जाने वाली इस फसल की खेती किसानों के लिए फायदे का सौदा साबित होती है। इसकी डिमांड बाजार में खूब अधिक मात्रा में होती है तो चलिए जानते है कौन सी फसल की खेती है।
सर्दियों के महीने में करें इस फसल की बुआई
आज हम आपको मक्का की एक ऐसी वैरायटी के बारे में बता रहे है जिसकी बुआई रबी सीज़न में करनी चाहिए। ये वैरायटी एक सिंचित रबी किस्म है। इसकी डिमांड बाजार में खूब होती है ये कम दिनों में तैयार हो जाती है और बहुत बंपर उपज देती है। आप इसकी खेती से बहुत जबरदस्त कमाई कर सकते है। हम बात कर रहे है मक्का की पूसा पॉपकॉर्न हाइब्रिड-2 किस्म की खेती की ये मक्का की एक बेहतरीन किस्म है तो चलिए इसकी खेती के बारे में अच्छे से जानते है।

कैसे करें खेती
अगर आप मक्का की पूसा पॉपकॉर्न हाइब्रिड-2 किस्म की खेती करना चाहते है तो आपको इसकी खेती के बारे में अच्छे से जानना होगा जिससे आपको खेती करने में कोई परेशानी नहीं होगी। मक्का की पूसा पॉपकॉर्न हाइब्रिड-2 किस्म की खेती के लिए पहले खेत की कम से कम 4 बार जुताई करनी चाहिए फिर मिट्टी मे गोबर की खाद डालनी चाहिए। इसके पौधे बीज के माध्यम से लगाए जाते है इसलिए इसकी बुआई के लिए इस किस्म के बीजों का ही चुनाव करना चाहिए। बुआई के बाद ये किस्म करीब 103 दिन में पककर तैयार हो जाती है।
कितनी होगी कमाई
अगर आप मक्का की पूसा पॉपकॉर्न हाइब्रिड-2 किस्म की खेती करते है तो आपको इसकी खेती से बहुत अच्छी कमाई और बंपर पैदावार देखने को मिलेगी। एक एकड़ में मक्का की पूसा पॉपकॉर्न हाइब्रिड-2 किस्म की खेती करने से करीब 46 से 55 क्विंटल तक की उपज हासिल कर सकते है। आप इसकी खेती से करीब 3 से 4 लाख रूपए की कमाई आराम से कर सकते है। मक्का ये किस्म किसानों के लिए बहुत लाभकारी साबित होती है।
नोट: इस रिपोर्ट में दी गई जानकारी किसानों के निजी अनुभवों और सार्वजनिक रूप से उपलब्ध इंटरनेट स्रोतों पर आधारित है। किसी भी जानकारी का उपयोग करने से पहले कृषि विशेषज्ञों से परामर्श अवश्य करें।

नमस्ते दोस्तों, मैं नंदिनी । पिछले 2 साल से पत्रकारिता में काम कर रही हूं और अलग-अलग विषयों पर लिखना मुझे बहुत पसंद है। खासतौर पर खेती, बागवानी और स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों में मेरी गहरी रुचि है। मैं हमेशा कोशिश करती हूं कि आपको सच्ची और सही जानकारी दे सकूं, ताकि आप इन विषयों को अच्छे से समझ सकें। अगर आप भी इन जरूरी और दिलचस्प बातों को जानना चाहते हैं, तो जुड़े रहें https://khetitalks.com/ के साथ। धन्यवाद













