ट्रैक्टर खरीदने पर किसान को ₹3 लाख देगी सरकार, सीधे खाते में आएगा पैसा, जानिए अनुदान के लिए कैसे करें संपर्क और कौन होंगे पात्र

On: Monday, January 5, 2026 11:07 AM
ट्रैक्टर पर 50% अनुदान

ट्रैक्टर पर किसानों को ₹3 लाख तक का अनुदान मिल रहा है। इसके लिए सरकार ने कुछ पात्रता शर्तें तय की हैं और आवेदन प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई है। आइए जानते हैं इस योजना से जुड़ी पूरी जानकारी।

ट्रैक्टर पर 50% अनुदान

किसानों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। सरकार ट्रैक्टर, जो खेती का मुख्य कृषि यंत्र माना जाता है, उस पर भारी भरकम अनुदान दे रही है। यहां हम हरियाणा के किसानों की बात कर रहे हैं। हरियाणा राज्य सरकार द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के किसानों को ट्रैक्टर खरीदने पर 50% तक का अनुदान दिया जा रहा है। यह योजना वर्ष 2025-26 के लिए लागू की गई है। आइए जानते हैं कि किसान किस प्रकार और कौन सा ट्रैक्टर अनुदान पर खरीद सकते हैं।

45 हॉर्स पावर के ट्रैक्टर पर मिलेगा अनुदान

यदि किसान 45 हॉर्स पावर तक का ट्रैक्टर खरीदते हैं, तो उन्हें अधिकतम ₹3,00,000 तक का अनुदान मिलेगा। यानी ट्रैक्टर की कीमत के अनुसार आधी राशि सरकार द्वारा दी जाएगी। इसके लिए किसानों को आवेदन करना होगा, आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे और जांच के बाद अनुदान की राशि दी जाएगी। इस योजना का लाभ हरियाणा के अनुसूचित जाति वर्ग के वे किसान ले सकते हैं, जिन्होंने पिछले 5 वर्षों में किसी भी ट्रैक्टर अनुदान योजना का लाभ नहीं लिया हो।

ट्रैक्टर पर एससी किसानों को अनुदान मिलेगा

इस योजना के अंतर्गत एससी किसानों को ट्रैक्टर पर अनुदान दिया जाएगा। इसके लिए किसानों को मेरी फसल मेरा ब्यौरा पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। केवल पंजीकृत किसानों को ही इस योजना का लाभ मिलेगा। किसान के पास कृषि भूमि होना जरूरी है।

आवेदन प्रक्रिया के बाद पात्र किसानों की सूची जारी की जाएगी। इसके बाद सहायक कृषि अभियंता कार्यालय में दस्तावेजों की जांच की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ऑनलाइन परमिट जारी किया जाएगा और किसान को 15 दिनों के भीतर ट्रैक्टर खरीदना होगा।

ट्रैक्टर खरीदने के बाद आरटीओ पंजीकरण, लोकेशन आधारित फोटो, बीमा और अन्य आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे। इसके बाद ओटीपी के माध्यम से डीलर, निर्माता और किसान का सत्यापन किया जाएगा। पूरी प्रक्रिया पूरी होने के बाद अनुदान की राशि सीधे किसान के खाते में भेज दी जाएगी।

ट्रैक्टर खरीदने के बाद किसान अगले 5 वर्षों तक ट्रैक्टर को किसी अन्य को बेच या स्थानांतरित नहीं कर सकता। ट्रैक्टर का उपयोग स्वयं किसान को ही करना होगा। यह योजना इसलिए शुरू की गई है, ताकि छोटे और सीमांत किसान ट्रैक्टर जैसे महंगे कृषि यंत्र को कम कीमत में खरीद सकें।

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