रबी सीजन की प्रमुख दलहनी मसूर की खेती बहुत फायदेमंद होती है इसकी खेती में अच्छी खाद प्रबंध और उचित देखभाल करना आवश्यक होता है तो चलिए जानते है मसूर की फसल को उठका रोग से बचाने के लिए क्या काम करना है।
मसूर की फसल में नहीं लगेगा उठका रोग
कई किसान रबी सीजन में मसूर की खेती करते है मसूर की खेती में उठका रोग एक गंभीर समस्या है ये एक फफूंदी जनित रोग है इस रोग से निजाद पाने के लिए किसानों को बुवाई से पहले कुछ जरुरी काम करना चाहिए जिससे ये रोग फसल में नहीं लग पाता है और मसूर की फसल सुरक्षित हरी भरी रहती है। ये रोग मिट्टी में मौजूद फंगस के कारण होता है और पौधे की जड़ों को संक्रमित कर पानी और पोषक तत्वों का अवशोषण रोक देता है जिससे पौधे कमजोर होते है और मर जाते है।

मसूर की बुवाई से पहले मिट्टी में डालें ये चीज
मसूर की बुवाई से पहले खेत की गहरी जुताई करना चाहिए और मिट्टी में गोबर की खाद के साथ ट्राइकोडर्मा फफूंदनाशक को डालना चाहिए ये एक जैविक फफूंदनाशक है। ये मिट्टी में मौजूद हानिकारक फंगस को नष्ट कर देता है जिससे मिट्टी स्वस्थ पोषक तत्व से भरपूर रहती है। इसके अलावा बुवाई से पहले बीजों को उपचारित करना चाहिए। इससे बीज जनित रोगों के साथ-साथ मिट्टी से आने वाले शुरुआती संक्रमण को भी रोका जा सकता है। बीज उपचार के लिए किसान 3 ग्राम थीरम नामक फफूंदनाशक को प्रति किलो बीज के हिसाब से उपचारित करना चहिए ऐसा करने से पौधे स्वस्थ रहते है और अच्छे से विकास करते है।

नमस्ते दोस्तों, मैं नंदिनी । पिछले 2 साल से पत्रकारिता में काम कर रही हूं और अलग-अलग विषयों पर लिखना मुझे बहुत पसंद है। खासतौर पर खेती, बागवानी और स्वास्थ्य से जुड़े मुद्दों में मेरी गहरी रुचि है। मैं हमेशा कोशिश करती हूं कि आपको सच्ची और सही जानकारी दे सकूं, ताकि आप इन विषयों को अच्छे से समझ सकें। अगर आप भी इन जरूरी और दिलचस्प बातों को जानना चाहते हैं, तो जुड़े रहें https://khetitalks.com/ के साथ। धन्यवाद











