तोरई की खेती से बड़ा तीर मार सकते है किसान, मात्र 2 किलो बीज से लाखों का मुनाफा इस किस्म की करें खेती 50 दिनों में कमाई शुरू, जाने कौन सी किस्म है

On: Sunday, August 24, 2025 9:50 AM
तोरई की खेती से बड़ा तीर मार सकते है किसान, मात्र 2 किलो बीज से लाखों का मुनाफा इस किस्म की करें खेती 50 दिनों में कमाई शुरू, जाने कौन सी किस्म है

बरसात के मौसम में तोरई की खेती करना आसान नहीं होता है लेकिन ये विधि तोरई की खेती के लिए आसान और लाभदयक साबित होती है।

तोरई की खेती से बड़ा तीर मार सकते है किसान

तोरई की खेती कम लागत में ज्यादा कमाई कराने वाली होती है लेकिन इसकी खेती में अच्छा उत्पादन प्राप्त करने के लिए खेती करने की सही तकनीक और उच्च किस्म का चयन करना आवश्यक होता है। बरसात के मौसम में तोरई की खेती करना साधारण बात नहीं होती है लेकिन मचान तकनीक से तोरई की खेती करना फायदेमंद साबित होता है मचान विधि से खेती करने से न केवल उपज बढ़ती है बल्कि फलों की गुणवत्ता भी अधिक होती है जिससे ये बाजार में जाते ही आसानी से बिक जाती है और अच्छी कीमत भी मिलती है। ये तकनीक कम खर्च में ज्यादा फायदा देती है। तोरई की खेती के लिए हम आपको स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म के बारे में बता रहे है ये किस्म तेजी से पकती है और लंबे समय तक परिवहन के लिए उपयुक्त होती है।

यह भी पढ़े Agriculture tips: बाढ़-बारिश और फंगस से भी लड़कर लहलहाती रहेगी धान की फसल, बस पानी के साथ डाल दें 2 KG ये चीज मुरझाई फसल भी लहलहा उठेगी, जाने नाम

तोरई की स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म

तोरई की स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म की खेती के लिए कार्बनिक पदार्थों से भरपूर जल निकास वाली रेतीली दोमट मिट्टी या दोमट मिट्टी सर्वोत्तम होती है। इसकी बुवाई से पहले खेत को गहरा जोतना चाहिए और मिट्टी में अच्छी सड़ी हुई गोबर की खाद डालना चाहिए। एक एकड़ में बुवाई के लिए करीब 2 किलो बीज की आवश्यकता हो सकती है। इसकी खेती मचान विधि से करना लाभदायक होता है इसलिए खेत में बांस रस्सी और तार के माध्यम से मचान तैयार करना चाहिए और जब बेलें बढ़ने लगें तो उन्हें मचान पर चढ़ाना चाहिए ऐसा करने से बेलें जमीन से ऊपर रहती है और कीट-रोगों के खराब प्रभाव से बच जाती है। बुआई के बाद तोरई की स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म की फसल करीब 50 से 60 दिनों में पहली तुड़ाई के लिए तैयार हो जाती है।

बंपर होगा उत्पादन

तोरई की स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म की खेती से न केवल ज्यादा उत्पादन मिलता है बल्कि ये मार्केट में हाथों हाथ जल्दी बिक जाती है एक एकड़ में तोरई की स्टेला F1 हाइब्रिड किस्म की खेती करने से लगभग 170 क्विंटल से ज्यादा का उत्पादन मिलता है अगर आप इसे 10 रूपए प्रति किलोग्राम के हिसाब से भी बेचते है तो आप एक एकड़ में इसकी खेती से लगभग 1,70,000 की कमाई आराम से कर सकते है। ये तोरई की एक उच्च गुणवत्ता और अधिक उपज देने वाली वैरायटी है।

यह भी पढ़े उच्च उपज, बेहतर तेल सामग्री और लंबी शेल्फ लाइफ के लिए करें मूंगफली की ये किस्म की बुआई, खेती से छपेगा अंधाधुन पैसा, जाने नाम

Leave a Comment