मधुमक्खी पालन करना चाहते हैं तो आपके लिए सुनहरा मौका है राज्य सरकार 40% तक सब्सिडी दे रही है। जिससे लागत बेहद कम हो जाएगी।
मधुमक्खी पालन में फायदा
मधुमक्खी पालन कमाई का एक अच्छा जरिया है। शहद सेहत के लिए फायदेमंद होता है। शहद से कई तरह की चीज बनाई जाती है। जिससे विभिन्न कंपनियों में एक बढ़िया गुणवत्ता वाले शहद की डिमांड रहती है। मधुमक्खी पालन में एक और फायदा यह भी है कि अगर साथ-साथ खेती भी करते हैं तो उत्पादन बढ़ सकता है। करीब 20% तक फसल की पैदावार बढ़ जाती है। क्योंकि मधुमक्खियां परागण का काम करती हैं।
इस तरह से किसानों को कई तरह का फायदा है। लेकिन इससे पहले मधुमक्खी पालन का प्रशिक्षण ले लेना चाहिए और सरकार से सब्सिडी मिल रही है जिससे लागत कम हो जाएगी तो आइये जानते हैं योजना के बारे में।
मधुमक्खी पालन पर सब्सिडी
मधुमक्खी पालन में राजस्थान सरकार द्वारा 40% सब्सिडी दी जा रही है। जिसमें किसानों को अधिकतम 80000 रुपए सब्सिडी के तौर पर मिलेंगे। यहां पर किसानों को आठ फ्रेमो वाली कॉलोनी और बॉक्स मिलते है जिसमें खर्चा 2000-2000 रुपये आता है और उसपर 40 प्रतिशत या अधिकतम राशि रुपये 800 जो भी कम होगा मिल जाएगा।
बता दे कि एक किसान भाई को ज्यादा से ज्यादा 50 बी बाक्स, 50 बी कॉलोनी, के आलावा ‘‘बी‘‘ किपिंग किट मिलते है। जिससे वह अपना खुद का मधुमक्खी पालन का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं।
मधुमक्खी पालन के लिए सब्सिडी कैसे मिलेगी
मधुमक्खी पालन के लिए राजस्थान के किसान सब्सिडी लेना चाहते हैं तो यहां पर कुछ शर्ते भी दी गई है। जिससे यह बताया कि 0.4 हेक्टेयर की जमीन होनी चाहिए आपके पास, जहां पर मधुमक्खी पालन कर सके, और आवेदन की बात करें तो राज किसान सारथी पोर्टल पर जन आधार के द्वारा आवेदन कर सकते हैं या फिर ई मित्र से आवेदन कर सकते हैं। इस योजना के बारे में उद्यान विभाग में भी किसानों को जानकारी मिल जाएगी।

नमस्ते, मैं निकिता सिंह । मैं 3 साल से पत्रकारिता कर रही हूं । मुझे खेती-किसानी के विषय में विशेषज्ञता प्राप्त है। मैं आपको खेती-किसानी से जुड़ी तरो ताजा खबरें बताउंगी। मेरा उद्देश्य यही है कि मैं आपको ‘काम की खबर’ दे सकूं । जिससे आप समय के साथ अपडेट रहे, और अपने जीवन में बेहतर कर सके। ताजा खबरों के लिए आप https://khetitalks.com के साथ जुड़े रहिए । धन्यवाद











